Search News

21 Nov 2023

शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी की व्यवस्था पहले दिन ही धड़ाम, विद्यालयों में कहीं नेटवर्क तो कहीं सर्वर बना बाधा, शिक्षक भी उतरे विरोध में, विरोध में शिक्षक और संगठन हो रहे लामबंद

शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी की व्यवस्था पहले दिन ही धड़ाम

विद्यालयों में कहीं नेटवर्क तो कहीं सर्वर बना बाधा, शिक्षक भी उतरे विरोध में

ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध में शिक्षक और संगठन हो रहे लामबंद

जिला समेत ब्लॉक मुख्यालयों पर बैठक कर जताया विरोध

बीआरसी पर किया प्रदर्शन नारेबाजी कर जताया विरोध

कहा- समस्याओं पर ध्यान न देकर अनावश्यक आदेश जारी किए जा रहे

शुरू हुई शिक्षकों की रियल टाइम हाजिरी, विरोध भी

बड़ा सवाल : शिक्षकों की मांगों पर कब होगी कार्यवाही?


लखनऊ। शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति के विरोध के साथ ही उनकी अन्य मांगें तेज हो गई हैं। सोमवार को प्रदर्शन कर रहे शिक्षकों ने कहा कि पुरानी पेंशन, पदोन्नति, परस्पर तबादले, कैशलेस चिकित्सा, अर्जित अवकाश आदि पर विभाग कब निर्णय लेगा। पदोन्नति व तबादले की प्रक्रिया छह या आठ माह से चल रही है।  इस मामले में देरी के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई कब होगी? वहीं, रियल टाइम हाजिरी पर महानिदेशक, स्कूल शिक्षा विजय किरन आनंद ने कहा कि नई व्यवस्था की शुरुआत हुई है। डिजिटलाइजेशन में सभी को सहयोग करना चाहिए। इसका सभी को लाभ होगा।



लखनऊ। बेसिक विद्यालयों में टैबलेट वितरण के बाद पायलट प्रोजेक्ट के रूप में सोमवार से आधा दर्जन से अधिक जिलों में शिक्षकों- छात्रों की प्रेरणा एप पर रियल टाइम उपस्थिति दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू हुई। हालांकि शिक्षक संघों ने इसके विरोध का आह्वान किया था। इसके बाद सर्वे में अधिकतर शिक्षकों ने भी विरोध किया। कुछ जगह प्रदर्शन भी हुए।


विभाग की ओर से सोमवार से लखनऊ, सीतापुर, रायबरेली, हरदोई, श्रावस्ती, लखीमपुर व उन्नाव में शिक्षकों-छात्रों की ऑनलाइन व ऑफलाइन दोनों तरीके से उपस्थिति दर्ज कराने के निर्देश दिए गए थे। शिक्षक नेताओं का दावा है कि अधिकतर स्कूलों में इसकी शुरुआत नहीं हो सकी। कुछ एक शिक्षकों ने ही अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।


 उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ की ओर से सर्वे भी कराया गया। संघ का दावा है कि उन्नाव, लखनऊ, रायबरेली आदि जिलों में शिक्षकों ने इसे अव्यावहारिक बताया। दावा किया कि लखनऊ में लगभग 4800 में से 2903 शिक्षकों ने असहमति जताई है। बाकी ने कोई पक्ष नहीं दिया। किसी शिक्षक ने इसके पक्ष में अपना मत नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि 22 नवंबर तक शिक्षकों के मत लेने के बाद इसके मामले में आगे का निर्णय लिया जाएगा। 

सरकारी प्राइमरी स्कूलों में शिक्षकों की ऑनलाइन हाजिरी आदेश दिए हैं। आदेश को लेकर प्रदेश भर में शिक्षक लामबंद होने लगे हैं।  शिक्षक बैठक में शिक्षकों ने ऑनलाइन हाजिरी का विरोध जताया। कहा कि स्कूल के प्रधानाध्यापकों से व्यक्तिगत सिम खरीदने के लिए विभाग बाध्य कर रहा है। उनका कहना है कि प्रधानाध्यापकों को सीयूजी सिम दिए जाएंगे। इसके बाद सरकारी कार्य लिए जाएं। लेकिन विभाग उस पर तैयार नहीं है। शिक्षकों ने एलान किया कि जब तक विभाग शिक्षकों को सीयूजी नंबर नहीं जारी करेगा, तो वो अपने नाम से सिम नहीं लेंगे।


विरोध में शिक्षक संघ डालेगा स्कूलों में ताले

लखनऊ। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के आह्वान पर राजधानी के सभी विकासखंडों में शिक्षकों ने मत संग्रह कर अपनी आईडी पर सिम लेने से इनकार कर दिया है। संघ के प्रदेश अध्यक्ष सुधांशु मोहन ने कहा कि मोहनलालगंज से 392, गोसाईगंज से 523, चिनहट से 125, बीकेटी से 430, माल से 290, मलिहाबाद से 280, काकोरी से 310, सरोजनीनगर से 410 और नगर क्षेत्र के 143 शिक्षकों ने मत संग्रह पर हस्ताक्षर करते हुए घोषणा की है कि भविष्य में महानिदेशक स्कूल शिक्षा की ओर से शिक्षकों के संबंध में कोई कार्रवाई रवाई हुई हुई तो शिक्षक मिलकर स्कूलों में ताला लगा देंगे। बेसिक विद्यालयों में शिक्षकों को टैबलेट और स्मार्टफोन दिए गए हैं। शिक्षा विभाग ने निर्देश दिया है कि शिक्षक अपनी आईडी पर सिम खरीदकर इनमें प्रयोग करें। शिक्षक इसी का विरोध कर रहे हैं।


from प्राइमरी का मास्टर ● इन | Primary Ka Master | District News | Basic Shiksha | Shikshamitra https://ift.tt/xVoRsiy